Diwangi hamari har raaz kholti hai
Diwangi hamari har raaz khol deti hai
khamoshi hamari har baat bol deti hai
Shikayat hai to sirf is dunia se hai
Jo Dil ke jazbaat bhi paiso se tol deti hai...
Diwangi hamari har raaz khol deti hai
khamoshi hamari har baat bol deti hai
Shikayat hai to sirf is dunia se hai
Jo Dil ke jazbaat bhi paiso se tol deti hai...
तेरा रूप चमन की खुशबू, यहाँ भंवरों की कोई कमी नहीं
पर वफा नहीं इन भंवरों में, यहां फूलों की कोई कमी नहीं
एक दिन जब पतझड़ आएगा, और तेरा चेहरा कुम्हलायेगा
कोई नहीं देखेगा तुझको और कोई भंवरा गीत न गायेगा
तब याद करोगे इस पगले को, जो दिल में तुझे सजाता है
हर रोज़ तुम्हारी चाहत में, वो अपना घर द्वार सजाता है
आज भी मेरा प्यार वही है, इसमें रंचित कमी नहीं आई
दिल में प्यार का राग गूंजता, इसमें भी कमी नहीं आई
दिल के द्वार खुले हैं हर पल, आना चाहो तो आ जाओ
ये जीवन तेरे नाम कर दिया, अपना समझो तो आ जाओ
Yakeen nahi tujhko to aazma ke dekh le,
ek baar apni zindagi bana ke dekh le,
Jo kabhi socha nahi wo bhi milega tujhe,
Bas ek baar apne kadam badha ke dekh le
वो तो ख्वाब ओ खयालों में रहना पसंद करते हैं
जिस पर हक़ नहीं कोई वही लेना पसंद करते हैं
न जाने क्यों हकीकत से मुंह चुराते है वो,
जो मुक़द्दर में नहीं उसी का सपना पसंद करते हैं
लोग यहाँ सीरत नहीं, सूरत को पसंद करते हैं
वे अब असलियत नहीं, दिखावा पसंद करते हैं
दिल मैला हो तो कोई बात नहीं,
यहाँ साफ दिल नहीं, लोग अदायें पसंद करते हैं