Page - 93

Aatma sath nibhati hai

कितना प्यार किया काया से वो यहीं पड़ी रह जायेगी
ये दौलत और रिश्तों की ममता यहीं तलक रह जायेगी...
पर जिसकी तूने कभी न मानी वही आत्मा
जीवन भर तेरे साथ रही और आगे भी साथ निभायेगी...

Wo bhagwan kehlata hai

उतार चढ़ाव तो हर शख्स की
#जिन्दगी में आता है....
जो #सम़झ सके इस बात को
वही #इन्सान कहलाता है...
गलतियाँ तो सभी से होती है #जिन्दगी में
यारो, जो गलती ना करे
वो #भगवान कहलाता है...
भरे हुए है #दुनिया में भी #मूर्ख लोग
जो समझ सके #इशारा
वो #समझदार कहलाता है,
समझती है दुनिया जिसे तुच्छ इंसान,
एक दिन इसी दुनिया में
वो #महान कहलाता है..

Insaan ko laash bana dia

लोगों ने भी #मोहब्बत का #मज़ाक बना दिया,
किसी ने #गुड़ को चीनी तो #चीनी का बताशा बना दिया...
छुपा दी असलियत उसकी #लोगों ने ना जाने क्यूँ,
उन्होंने तो #दिल को खेलने का #खिलौना बना दिया...

लगाए है #मुखौटे ऐसे #लोगों ने कि,
पहचान ना सके कोई तो #मुखौटा भी #मनमोहक बना दिया...
निभाएँ है #रिश्तें कुछ इस कदर कि,
अपनों को #गैर और ग़ैरों को #अपना बना दिया...
#मतलब की दुनिया में #पैसे की #कद्र होती है,
जिन्दा #इन्सान को यहाँ लोगों ने #लाश बना दिया...

Khushiyon ke wo pal

तुम मुझे खुशियों के वो पल दोबारा दे दो
मेरी डूबती नैया को ज़रा सा सहारा दे दो
मुद्दत सी गुज़र गयी हमें अकेले अकेले,
बस इक बार अपनी झलक का नज़ारा दे दो
भले ही गुलाब फैले हैं तुम्हारे दामन में,
मुझे खुशबू नहीं बस यादों का पिटारा दे दो
मैं तो दर्द के दरिया में अब डूबने लगा हूँ,
बस बढ़ा के हाथ अपना मुझे किनारा दे दो

Kitna waqt lagta hai

किसी को #आज़माने में, कितना #वक़्त लगता है..
उल्फ़त भरी #जिन्दगी जीनी पड़ती है,
#मौत को आने में कितना वक़्त #लगता है ?
जिसकी #जिन्दगी बीत जाती है #इज्ज़त कमाने में,
उस #इज्ज़त को गवाँने में कितना #वक़्त लगता है ?
यूँ तो #उम्र भर का तक़ाज़ा हो जाता है बालों का #सफेद होने में,
मगर उसे #रंगाने में कितना #वक़्त लगता है ?
किसी #रंगोली को बनाने में #घण्टों लग जाते है,
मगर उसे #मिटा जाने में कितना #वक़्त लगता है ?
यूँ #दिल की #बगिया में सुन्दर फूल देख खिलते हैं
उसे #तोड़ जाने में कितना #वक़्त लगता है ?